Tuesday, 1 January 2019

स्वागत है हे नव वर्ष

स्वागत है हे नव वर्ष

घने कोहरे को चीर किरण
मन में नव आस जगाई
जीवन के कोहरे भी छट जाएंगे
जग को नित पाठ पढ़ाई

नव पथ पर हम कदम बढ़ाएं
कुछ नए पदचिन्ह बनाएं
जोड़ते चलें नव कदमों को
कदम कदम पर कदम मिलाएं

कटु अनुभूतियों से सीख कर
कुछ याद कर कुछ भूलकर
कुछ परिवर्तन होना ही है
कुछ पाना है कुछ खोकर

बीत गया वो अतीत कहानी
जीवन पथ की रीति पुरानी
नव सर्जन स्वीकार सहर्ष
स्वागत है हे नव वर्ष
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© किरण सिंह

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