Friday, 17 October 2014

प्रार्थना

!!!!!!!!!!!! प्रार्थना !!!!!!!!!!!!
*********************
तूम्ही मेरी पूजा , तुम्ही प्रार्थना हो 
तुम्ही अर्चना हो , तुम्ही वन्दना हो 

तुम्ही प्रीत मेरे , तुम्ही वेदना  हो 
तुम्ही इस हॄदय के , संवेदना हो

हम तो कठपुतली हैं विश्व मंच के
खीचते डोर तुम ही नाच नचैया हो

जड़ चेतन तुम्ही , तुम्ही चेतना हो
चेतन  जगत के , तुम्ही प्रेरणा  हो  
***********************
© copyright Kiran singh

No comments:

Post a Comment